उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ से एक अहम और संवेदनशील खबर सामने आई है, जहां घरेलू गैस सिलेंडर की किल्लत को लेकर मुस्लिम महिलाओं का गुस्सा सड़कों पर फूट पड़ा। बड़ी संख्या में महिलाएं हाथों में सिलेंडर लेकर प्रदर्शन करने उतरीं और केंद्र की मोदी सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
प्रदर्शन कर रही महिलाओं का आरोप है कि बीते कुछ समय से इलाके में गैस सिलेंडर की भारी कमी बनी हुई है, जिससे रोजमर्रा की जिंदगी बुरी तरह प्रभावित हो रही है। खासतौर पर रमजान के पवित्र महीने और नवरात्रि जैसे बड़े त्योहारों के दौरान यह समस्या और गंभीर हो गई है। महिलाओं का कहना है कि सिलेंडर नहीं मिलने की वजह से उनके घरों में इफ्तार तक तैयार नहीं हो पा रहा, जिससे उन्हें काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

प्रदर्शन के दौरान महिलाओं ने सरकार पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि मौजूदा हालात आम जनता के लिए बेहद मुश्किल पैदा कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार को तुरंत इस समस्या का समाधान निकालना चाहिए, ताकि त्योहारों के दौरान लोगों को किसी तरह की दिक्कत का सामना न करना पड़े।
इस दौरान समाजवादी पार्टी की नेता शबनम खातून का भी बयान सामने आया, जिसमें उन्होंने केंद्र सरकार को घेरते हुए कहा कि आम जनता बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रही है, लेकिन सरकार इस ओर ध्यान नहीं दे रही।
फिलहाल इस पूरे मामले ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है और आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर सियासत और तेज होने के आसार हैं। प्रशासन की ओर से अभी तक इस मामले पर कोई स्पष्ट प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन लोगों को राहत मिलने का इंतजार बना हुआ है।