उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ जिले में पुलिस ने जाली करेंसी बनाने वाले एक अंतरजनपदीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से 1 लाख 19 हजार रुपये की जाली मुद्रा, नकली नोट छापने के उपकरण, लैपटॉप, प्रिंटर, सात मोबाइल फोन और एक कार बरामद की है।
यह कार्रवाई रौनापार थाना क्षेत्र के बेलकुंडा बाजार स्थित टेकनपुर पुलिया के पास की गई। पुलिस को सूचना मिली थी कि कुछ लोग जाली नोट बनाने और उन्हें बाजार में खपाने की तैयारी कर रहे हैं। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार आरोपियों में नितिन सिंह, ऋषिकेश सिंह, अभिषेक सिंह, आदित्य सिंह और शिवम सिंह शामिल हैं, जो ग्राम बरडीहा थाना रौनापार, जनपद आजमगढ़ के निवासी हैं। इसके अलावा मुन्ना पांडेय निवासी कस्बा बड़हलगंज (न्यू टीचर कॉलोनी चिल्लूपार) थाना बड़हलगंज जनपद गोरखपुर, रुद्र पांडेय निवासी ग्राम जगदीशपुर थाना जीयनपुर और मनोज कुमार निवासी ग्राम गांगेपुर (गांधीनगर) थाना रौनापार जनपद आजमगढ़ को भी गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस के मुताबिक आरोपी लैपटॉप और प्रिंटर की मदद से जाली नोट तैयार करते थे और उन्हें अलग-अलग जगहों पर बाजार में खपाने की योजना बना रहे थे। पुलिस अब इस गिरोह के अन्य संभावित सदस्यों और नेटवर्क की भी जांच कर रही है।
ग्रामीण पुलिस अधीक्षक चिराग जैन ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और इस गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की तलाश भी जारी है। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि जाली नोटों का यह नेटवर्क किन-किन जिलों तक फैला हुआ है।