हिंद महासागर में ईरान के युद्धपोत IRIS डेना पर हुए हमले के बाद ईरान ने अमेरिका के खिलाफ जवाबी कार्रवाई का दावा किया है। ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने कहा है कि उसने उत्तरी फारस की खाड़ी में एक अमेरिकी तेल टैंकर को निशाना बनाया है। ईरानी सरकारी मीडिया के मुताबिक इस हमले के बाद टैंकर में भीषण आग लग गई और जहाज़ में भारी नुकसान हुआ है।
यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने अमेरिका को कड़ी चेतावनी दी थी। उन्होंने कहा था कि श्रीलंका के दक्षिणी तट के पास हिंद महासागर में ईरानी युद्धपोत IRIS डेना को डुबोने के लिए अमेरिका को “बहुत पछतावा” होगा। ईरानी अधिकारियों के अनुसार उस हमले में कम से कम 87 ईरानी नाविकों की मौत हो गई थी।

IRGC के पब्लिक रिलेशन्स विभाग ने ईरानी न्यूज एजेंसी IRNA को दिए बयान में कहा कि ईरानी नेवी ने उत्तरी फारस की खाड़ी में मौजूद एक अमेरिकी तेल टैंकर को सफलतापूर्वक निशाना बनाया। हालांकि हमले से जुड़े अन्य विवरण अभी सामने नहीं आए हैं और ईरान के इस दावे पर अमेरिका की ओर से फिलहाल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी गई है।

इस बीच ईरान ने इज़रायल और अमेरिकी ठिकानों पर भी हमलों की नई लहर शुरू करने का दावा किया है। वहीं इज़रायल ने भी कहा है कि उसने पिछले 24 घंटों में लेबनान में ईरान समर्थित हिज़्बुल्लाह से जुड़े करीब 80 ठिकानों को निशाना बनाया है।
मध्य-पूर्व में तेजी से बढ़ते इस टकराव ने फारस की खाड़ी से लेकर हिंद महासागर तक हालात को बेहद तनावपूर्ण बना दिया है और क्षेत्र में बड़े सैन्य संघर्ष की आशंका को और बढ़ा दिया है।