महाराष्ट्र में केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा (CTET) देने वाले शिक्षकों को बड़ी राहत मिली है। राज्य चुनाव आयोग ने जिला परिषद और पंचायत समिति चुनावों की ड्यूटी से ऐसे सभी शिक्षकों को छूट देने का फैसला किया है। इस संबंध में आयोग की ओर से सभी संबंधित जिलाधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी कर दिए गए हैं।

दरअसल, उपमुख्यमंत्री अजित पवार के निधन के बाद राज्य में तीन दिनों का राजकीय दुखवटा घोषित किया गया, जिसके चलते 12 जिला परिषदों और उनके अंतर्गत आने वाली 125 पंचायत समितियों के आम चुनाव के कार्यक्रम में बदलाव किया गया। पहले जहां मतदान की तारीख 5 फरवरी 2026 तय थी, उसे बदलकर अब 7 फरवरी 2026 कर दिया गया है।
इसी दौरान यह सामने आया कि राज्य के कई शिक्षक 7 फरवरी को होने वाली CTET परीक्षा में शामिल होंगे। परीक्षा और चुनावी ड्यूटी एक ही दिन पड़ने से शिक्षकों को परेशानी हो सकती थी। इसे ध्यान में रखते हुए राज्य चुनाव आयोग ने यह निर्णय लिया कि CTET में शामिल होने वाले शिक्षकों को चुनावी कार्य से मुक्त रखा जाएगा।

आयोग ने जिलाधिकारियों को निर्देश दिया है कि ऐसे शिक्षकों के स्थान पर वैकल्पिक कर्मचारियों की व्यवस्था की जाए, ताकि चुनाव प्रक्रिया पर कोई असर न पड़े। यह फैसला एक ओर शिक्षकों के शैक्षणिक भविष्य को सुरक्षित करता है, तो दूसरी ओर चुनाव व्यवस्था को भी सुचारू बनाए रखने में मददगार साबित होगा।