Home स्पोर्ट्सक्रिकेटशतक भी लगाया, दिल भी जीत लिया: 14 साल के वैभव सूर्यवंशी ने सपोर्ट स्टाफ को समर्पित किया प्लेयर ऑफ द मैच अवार्ड

शतक भी लगाया, दिल भी जीत लिया: 14 साल के वैभव सूर्यवंशी ने सपोर्ट स्टाफ को समर्पित किया प्लेयर ऑफ द मैच अवार्ड

by Real Khabren
0 comments
शतक भी लगाया, दिल भी जीत

हरारे में खेले गए अंडर-19 वर्ल्ड कप फाइनल में भारत की ऐतिहासिक जीत के हीरो 14 साल के वैभव सूर्यवंशी सिर्फ अपने बल्ले से ही नहीं, बल्कि अपने व्यवहार और सोच से भी करोड़ों दिल जीतने में कामयाब रहे। फाइनल मुकाबले में तूफानी शतकीय पारी खेलकर भारत को खिताब दिलाने वाले वैभव को प्लेयर ऑफ द मैच और प्लेयर ऑफ द सीरीज चुना गया, लेकिन पुरस्कार वितरण समारोह में जो नज़ारा देखने को मिला, उसने सभी को हैरान कर दिया।

खिताबी जीत के बाद जब वैभव को प्लेयर ऑफ द मैच का अवार्ड दिया गया, तो उन्होंने मंच से साफ कहा कि वह यह सम्मान सपोर्ट स्टाफ को समर्पित करते हैं। करीब दस मिनट तक चले बातचीत के दौरान वैभव ने दो बार टीम के सपोर्ट स्टाफ की मेहनत का जिक्र किया और खिताबी सफलता का श्रेय उन्हें दिया।

वैभव ने कहा, “मैं अपनी खुशी को शब्दों में बयान नहीं कर सकता। इस पूरे टूर्नामेंट के लिए सभी ने बहुत मेहनत की। सपोर्ट स्टाफ ने हर मैच में हमारे लिए कड़ी मेहनत की और मैं अपना प्लेयर ऑफ द मैच अवार्ड उन्हें समर्पित करता हूं।”

टूर्नामेंट की तैयारी को लेकर पूछे गए सवाल पर इस 14 साल के बल्लेबाज ने हिंदी में आत्मविश्वास से जवाब देते हुए कहा कि टीम का फोकस दबाव से दूर रहकर खुद पर भरोसा बनाए रखने का था। उन्होंने कहा, “हमारा लक्ष्य ज्यादा दबाव न लेने का था। हमने प्रक्रिया का पालन किया और शुरुआत से ही इसी पर अमल करते रहे।”

वैभव ने आगे बताया कि पिछले आठ-नौ महीनों से टीम और सपोर्ट स्टाफ लगातार एकजुट होकर काम कर रहे थे, जिसका नतीजा आज दुनिया के सामने है। फाइनल जैसे बड़े मुकाबले में अपने प्रदर्शन को लेकर वैभव ने कहा कि वह अपने कौशल को लेकर पूरी तरह आश्वस्त थे और उन्हें भरोसा था कि वह दबाव में भी अच्छा प्रदर्शन कर सकते हैं।

फैंस और क्रिकेट विशेषज्ञों के बीच वैभव की यह अदा चर्चा का विषय बन गई है। सोशल मीडिया पर लोग कह रहे हैं कि यह खिलाड़ी उम्र में भले ही छोटा हो, लेकिन सोच और परिपक्वता में बेहद ‘बड़ा’ है। वैभव सूर्यवंशी ने साबित कर दिया कि महान खिलाड़ी सिर्फ रन नहीं बनाते, बल्कि अपने आचरण से भी मिसाल कायम करते हैं।

You may also like

Leave a Comment