
मुंबई: शिवसेना (उद्धव ठाकरे गुट) के सांसद Sanjay Raut ने पश्चिम बंगाल में कथित रूप से हजारों ईवीएम नष्ट होने के मामले को लेकर केंद्र सरकार और चुनावी प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
राउत ने दावा किया कि पश्चिम बंगाल की एक सरकारी इमारत में करीब 4000 ईवीएम जलकर नष्ट हो गईं। उन्होंने आरोप लगाया कि जिन ईवीएम पर पहले से संदेह जताया जा रहा था, वही मशीनें आग की घटना में नष्ट हो गईं। राउत ने सवाल किया कि इतनी बड़ी संख्या में ईवीएम एक साथ कैसे जल सकती हैं और इसकी स्वतंत्र जांच होनी चाहिए।
उन्होंने आरोप लगाया कि ईवीएम को दुर्घटनावश नहीं बल्कि सबूत मिटाने के उद्देश्य से जलाया गया। साथ ही उन्होंने चुनावी पारदर्शिता, चुनाव आयोग की भूमिका और न्यायिक निगरानी को लेकर भी सवाल खड़े किए।
प्रधानमंत्री Narendra Modi पर निशाना साधते हुए राउत ने कहा कि किसी नेता का लंबे समय तक सत्ता में बने रहना ही उसकी महानता का प्रमाण नहीं होता। उन्होंने पूर्व प्रधानमंत्री Jawaharlal Nehru सहित कई पूर्व नेताओं का उल्लेख करते हुए कहा कि उनकी तुलना वर्तमान नेतृत्व से नहीं की जा सकती।
राउत ने यह भी आरोप लगाया कि मौजूदा राजनीतिक व्यवस्था में निष्पक्ष चुनावों को लेकर लोगों के मन में सवाल पैदा हो रहे हैं। उन्होंने विपक्षी दलों को कमजोर करने और विभिन्न राजनीतिक दलों में टूट-फूट कराने के आरोप भी लगाए।
साथ ही महाराष्ट्र में चर्चित “ऑपरेशन टाइगर” को लेकर पूछे गए सवाल पर राउत ने कहा कि पार्टी की बैठकें नियमित संगठनात्मक प्रक्रिया का हिस्सा हैं और इसे किसी विशेष राजनीतिक घटनाक्रम से जोड़कर नहीं देखा जाना चाहिए।