
शिवरायों के 50 पावन किलों की मिट्टी के मिश्रण से तैयार की गई सांताक्रूज़ के स्वामी की गणेश प्रतिमा
अपने स्वर्णमहोत्सवी वर्ष में महाराष्ट्र के आराध्य देवता छत्रपति शिवाजी महाराज के ऐतिहासिक किलों की विरासत को लोगों तक पहुंचाने के उद्देश्य से स्वामी विवेकानंद सार्वजनिक गणेशोत्सव मंडल ने अनोखी पहल की है। मंडल ने महाराष्ट्र के 50 ऐतिहासिक किलों की मिट्टी एकत्र कर, उसके मिश्रण से गणराय की विशेष मूर्ति तैयार की है।
इसके साथ ही हर वर्ष की तरह मंडल के पदाधिकारियों ने भायखला से सांताक्रूज़ तक पैदल यात्रा करते हुए मुंबई के प्रसिद्ध गणेशोत्सव मंडलों को सदिच्छा भेंट भी दी।
इस गौरवपूर्ण पहल की सराहना करते हुए चिंचपोकली के चिंतामणि, कालाचौकी के महागणपति, लालबाग के राजा, तेजुकाया सार्वजनिक गणेशोत्सव मंडल और मुंबई के राजा गणेश गली मंडल ने भी इस उपक्रम की सराहना की और मंडल को शुभकामनाएं दीं।
इसके अलावा कला, खेल और विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं ने भी इस अनोखी पहल की सराहना करते हुए मंडल को शुभकामनाएं दीं।