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जर्मनी दौरे पर डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य, सेमीकंडक्टर-इलेक्ट्रॉनिक्स सहयोग और यूपी-पी हेसेन साझेदारी को नई रफ्तार

by Real Khabren
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जर्मनी दौरे पर डिप्टी सीएम केशव

लखनऊ:प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की निवेश-केंद्रित नीतियों के तहत उत्तर प्रदेश सरकार का जर्मनी दौरा निवेश संवाद को नई गति देता नजर आ रहा है। उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य के नेतृत्व में उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल ने फ्रैंकफर्ट प्रवास के दौरान औद्योगिक और शासकीय प्रतिनिधियों के साथ कई महत्वपूर्ण बैठकें कीं।

प्रतिनिधिमंडल ने ZVEI की ग्लोबल अफेयर्स प्रतिनिधि सिल्के सिख्टर और EA Elektro Automatik GmbH के मुख्य कार्यकारी अधिकारी मार्कस शाइबोल से मुलाकात कर सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र में भारत-जर्मनी सहयोग को मजबूत करने पर विस्तृत चर्चा की। इस दौरान उत्तर प्रदेश को एक उभरते वैश्विक निवेश केंद्र के रूप में प्रस्तुत करते हुए Siemens और NXP Semiconductors जैसी कंपनियों के विस्तार और बढ़ते निवेशक विश्वास को रेखांकित किया गया। प्रतिनिधिमंडल ने जर्मन उद्योगों को प्रमुख इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण आयोजनों में भागीदारी और दीर्घकालिक औद्योगिक सहयोग का आमंत्रण भी दिया।

इसके अतिरिक्त, प्रतिनिधिमंडल ने Frankfurt Airport क्षेत्र के वरिष्ठ अधिकारियों, केल्स्टरबाख और राउनहाइम के महापौरों तथा इनोवेशन राइनमाइन के सीईओ से मुलाकात की। बैठक में फ्रैंकफर्ट एयरपोर्ट और Noida International Airport के बीच लॉजिस्टिक्स, डाटा सेंटर, नवाचार और औद्योगिक विकास को लेकर सहयोग बढ़ाने पर सकारात्मक चर्चा हुई। दोनों पक्षों ने आपसी सहयोग को औपचारिक रूप देने के लिए समझौता ज्ञापन यानी MoU पर सहमति जताई और जर्मन औद्योगिक प्रतिनिधिमंडल के उत्तर प्रदेश दौरे को सुगम बनाने का निर्णय लिया।

प्रतिनिधिमंडल ने हेसेन राज्य सरकार के प्रतिनिधियों से भी मुलाकात की, जिसका नेतृत्व राज्य सचिव कैरिन म्यूलर ने किया। बैठक में उत्तर प्रदेश की निवेशक-अनुकूल एफडीआई नीति, मेडिकल डिवाइस, वस्त्र, चमड़ा, फुटवियर, सेमीकंडक्टर, रक्षा, आईटी-आईटीईएस, ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स और 660 मेगावाट से अधिक क्षमता वाले डाटा सेंटर सेक्टर की संभावनाओं को विस्तार से प्रस्तुत किया गया। वहीं, हेसेन की वित्त, रसायन, स्वास्थ्य सेवा, कृषि और लॉजिस्टिक्स क्षेत्रों में विशेषज्ञता को भी सराहा गया।

उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा कि उत्तर प्रदेश टेक्सटाइल, अपैरल, लेदर, इलेक्ट्रॉनिक्स, सेमीकंडक्टर, ग्रेटर नोएडा मेडिकल डिवाइस पार्क, मल्टी-लोकेशन केमिकल एवं फार्मा पार्क और डिफेंस कॉरिडोर के अंतर्गत रक्षा एवं एयरोस्पेस क्षेत्रों में जर्मन उद्योगों का स्वागत करता है। उन्होंने कहा कि राज्य में दर्जनों बिलियन डॉलर के निवेश अवसर उपलब्ध हैं और उन्नत प्रौद्योगिकी आधारित साझेदारी की व्यापक संभावनाएं मौजूद हैं।

उन्होंने यह भी बताया कि उत्तर प्रदेश सेवा क्षेत्र में तेजी से उभर रहा है और ITES नीति के तहत कई वैश्विक कंपनियां यहां संचालन कर रही हैं। राज्य की नई GCC नीति 2024 अनुसंधान एवं विकास, उच्च कौशल मानव संसाधन और विश्वविद्यालय-उद्योग सहयोग के माध्यम से उत्तर प्रदेश को देश का अग्रणी ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर हब बना रही है।

मौर्य ने भारत-यूरोप संभावित मुक्त व्यापार समझौते को ऐतिहासिक अवसर बताते हुए कहा कि भारत विश्व की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है और उत्तर प्रदेश, देश का सबसे बड़ा राज्य होने के नाते, जर्मन उद्योगों के लिए एक स्वाभाविक रणनीतिक साझेदार बन सकता है।

उन्होंने जर्मन कंपनियों को उत्तर प्रदेश में निवेश, संयुक्त उपक्रम और प्रौद्योगिकी सहयोग के लिए आमंत्रित करते हुए विश्वास जताया कि यह दौरा उत्तर प्रदेश को वैश्विक निवेश मानचित्र पर और अधिक मजबूती से स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगा।

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