कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु से एक बड़ी खबर सामने आई है। ग्रेनेड बरामदगी मामले में गिरफ्तार किया गया संदिग्ध आतंकी अरशद खान एक बार फिर कानून के शिकंजे में आ गया है। जमानत मिलने के बाद अदालत में पेशी से गायब चल रहे अरशद खान को अब दोबारा हिरासत में ले लिया गया है।
जानकारी के मुताबिक, अरशद खान को पहले शहर की सेंट्रल क्राइम ब्रांच यानी सीसीबी पुलिस ने एक ग्रेनेड बरामदगी मामले में गिरफ्तार किया था। शुरुआती जांच के बाद यह मामला राष्ट्रीय जांच एजेंसी को सौंप दिया गया था। एनआईए ने इस मामले में आगे की जांच शुरू की और आरोपों के आधार पर कार्रवाई की प्रक्रिया जारी रखी।
हालांकि, इसी दौरान अदालत से अरशद खान को जमानत मिल गई। जमानत मिलने के बाद वह कुछ समय तक कानूनी प्रक्रिया में शामिल रहा, लेकिन बाद में उसने अदालत में पेश होना बंद कर दिया। लगातार अनुपस्थित रहने के कारण अदालत ने उसके खिलाफ गैर-जमानती वारंट और उद्घोषणा जारी कर दी।

अदालत के आदेश के बाद राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने विशेष कार्रवाई करते हुए अरशद खान की तलाश शुरू की। लंबे समय तक फरार रहने के बाद आखिरकार उसे दोबारा गिरफ्तार कर लिया गया। सूत्रों के मुताबिक, गिरफ्तारी के बाद उससे पूछताछ की जा रही है और फरार रहने के दौरान उसके संपर्कों और गतिविधियों की भी जांच की जा रही है।
सुरक्षा एजेंसियां इस बात की भी पड़ताल कर रही हैं कि जमानत पर रिहा होने के बाद उसने किन-किन लोगों से संपर्क किया और क्या किसी नेटवर्क से उसका जुड़ाव बना रहा।
फिलहाल अरशद खान को अदालत में पेश करने की तैयारी की जा रही है। इस पूरे घटनाक्रम के बाद सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं और संवेदनशील मामलों में जमानत पर रिहा आरोपियों की निगरानी व्यवस्था को और सख्त करने पर भी विचार किया जा रहा है।
बेंगलुरु में हुई इस कार्रवाई को सुरक्षा एजेंसियों की बड़ी कामयाबी माना जा रहा है। मामले की आगे की जांच जारी है।