देशभर में NEET पेपर लीक मामले को लेकर सियासत तेज होती जा रही है। इसी कड़ी में मुंबई युवा कांग्रेस ने गुरुवार को फोर्ट स्थित राज्य के CET सेल कार्यालय के बाहर भाजपा सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। मुंबई युवा कांग्रेस की अध्यक्षा ज़ीनत शबरीन के नेतृत्व में हुए इस आंदोलन में बड़ी संख्या में युवाओं और कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया। प्रदर्शनकारियों ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए NEET पेपर लीक मामले की संयुक्त संसदीय समिति यानी JPC से जांच कराने की मांग उठाई।
प्रदर्शन के दौरान ज़ीनत शबरीन ने केंद्र सरकार पर छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि NEET परीक्षा पेपर लीक होने से देशभर के लाखों विद्यार्थियों और उनके परिवारों के सपने टूट गए हैं। उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए तत्काल इस्तीफे की मांग की। साथ ही प्रभावित छात्रों को मुआवजा देने की भी मांग रखी गई।
युवा कांग्रेस ने आरोप लगाया कि पेपर लीक के पीछे एक बड़ा नेटवर्क काम कर रहा है और इस मामले में भाजपा से जुड़े लोगों की भूमिका की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। प्रदर्शनकारियों ने यह भी दावा किया कि वर्ष 2024 की NEET परीक्षा में पेपर लीक के दौरान जिम्मेदारी संभालने वाले अधिकारी को बाद में बड़े पद से सम्मानित किया गया।
प्रदर्शन के दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच हल्की धक्का-मुक्की भी देखने को मिली। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए ज़ीनत शबरीन समेत कई पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया। इस आंदोलन में मुंबई युवा कांग्रेस के कई वरिष्ठ पदाधिकारी और सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल रहे।