अफगानिस्तान के बीच तनाव अब खतरनाक मोड़ पर पहुंचता नजर आ रहा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, पाकिस्तान ने अफगानिस्तान की राजधानी काबुल समेत कंधार और पख्तिया जैसे इलाकों में हवाई हमले किए हैं। इन हमलों में आम नागरिकों के हताहत होने की खबरें भी सामने आ रही हैं, जिससे हालात और अधिक गंभीर हो गए हैं।
इस पूरे घटनाक्रम के बीच अफगानिस्तान के पूर्व राष्ट्रपति हामिद करजई ने पाकिस्तान को कड़ी चेतावनी दी है। करजई ने बयान जारी करते हुए कहा कि पाकिस्तानी विमानों ने एक बार फिर अफगान शहरों को निशाना बनाया है, लेकिन अफगान जनता किसी भी हालात में अपनी मातृभूमि की रक्षा करेगी। उन्होंने कहा कि अफगानिस्तान एकजुट है और इस हिंसा का बहादुरी से जवाब दिया जाएगा।

करजई ने पाकिस्तान पर आरोप लगाते हुए कहा कि वह हिंसा और बमबारी के जरिए जो समस्याएं पैदा कर रहा है, उनसे बच नहीं सकता। उन्होंने पाकिस्तान से अपनी नीति बदलने और अफगानिस्तान के साथ सम्मानजनक और सभ्य पड़ोसी संबंध बनाने की अपील भी की।
वहीं दूसरी ओर, तालिबान सरकार ने दावा किया है कि पाकिस्तान की ओर से बार-बार सीमा उल्लंघन किया जा रहा था, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई की गई। जानकारी के मुताबिक, डूरंड लाइन पर पाकिस्तानी सेना की कई चौकियों को निशाना बनाया गया है। तालिबान ने कई चौकियों पर कब्जा करने और उन्हें आग लगाने का दावा भी किया है। साथ ही पाकिस्तान के दर्जनों सैनिकों के मारे जाने और कई के घायल होने की बात कही गई है।
हालांकि इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हो सकी है, लेकिन दोनों देशों के बीच हालात बेहद तनावपूर्ण बने हुए हैं। सीमा पर लगातार गोलाबारी और हवाई हमलों की खबरों ने क्षेत्र में अस्थिरता को और बढ़ा दिया है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरें अब इस बढ़ते संघर्ष पर टिकी हैं, क्योंकि यह टकराव पूरे दक्षिण एशियाई क्षेत्र की सुरक्षा के लिए गंभीर चुनौती बन सकता है।