मुंबई को फिट और स्वस्थ बनाने के उद्देश्य से बृहन्मुंबई महानगरपालिका की ओर से ‘फिट मुंबई’ पहल के तहत ‘फिट सैटरडे’ अभियान का आयोजन किया गया। इस दौरान अतिरिक्त महानगरपालिका आयुक्त (पूर्व उपनगर) डॉ. अविनाश ढाकणे ने मुंबईकरों से अपील की कि वे अपनी व्यस्त दिनचर्या से समय निकालकर इस अभियान से जुड़ें और नियमित व्यायाम को जीवन का हिस्सा बनाएं।
आज 21 फरवरी 2026 को वांद्रे स्थित MIG Club में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए डॉ. ढाकणे ने कहा कि सुदृढ़ स्वास्थ्य और फिट जीवनशैली ही सबसे बड़ी पूंजी है। महानगरपालिका नागरिकों के स्वास्थ्य संवर्धन के लिए लगातार ऐसे कार्यक्रम चला रही है और इसमें अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी आवश्यक है।
‘फिट मुंबई’ अभियान की शुरुआत 25 अक्टूबर 2025 को वांद्रे किला उद्यान से की गई थी। अब हर शनिवार सुबह 6:30 बजे वांद्रे किला परिसर और एमआईजी क्लब में नियमित फिटनेस सत्र आयोजित किए जा रहे हैं। महानगरपालिका की योजना है कि भारतीय क्रीड़ा प्राधिकरण और फिट इंडिया मूवमेंट के सहयोग से शहर के सभी 26 प्रशासनिक विभागों में इस अभियान का विस्तार किया जाए।
‘फिट सैटरडे’ का उद्देश्य है कि जो लोग व्यायाम नहीं करते, उन्हें प्रेरित किया जाए; जो चलते हैं, उन्हें जॉगिंग के लिए प्रोत्साहित किया जाए; और जो जॉगिंग करते हैं, उन्हें दौड़ने के लिए उत्साहित किया जाए। ‘फिट मुंबई’ का नारा ‘फिटनेस दिल से’ रखा गया है, जो हर मुंबईकर को स्वस्थ जीवन की दिशा में आगे बढ़ने का संदेश देता है।

आज के कार्यक्रम में सभी आयु वर्ग के लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। योग, प्राणायाम, ध्यान, वॉकिंग, रनिंग और ज़ुम्बा जैसे विभिन्न व्यायाम सत्र आयोजित किए गए। प्रतिभागियों ने नियमित व्यायाम और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संकल्प भी लिया।
इस अवसर पर मुंबई उपनगर जिलाधिकारी सौरभ कटियार, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक कृष्ण प्रकाश, भारतीय राजस्व सेवा के अधिकारी अंबरनाथ खुळे, महानगरपालिका के विभिन्न अधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
एमआईजी क्लब के सचिव निशांत पाटणकर, सुबोध कुलकर्णी तथा शिल्पा योगा स्कूल का भी आयोजन में विशेष सहयोग रहा।
महानगरपालिका प्रशासन ने बताया कि अभियान के तहत हर शनिवार उद्यानों और मैदानों में फिटनेस सत्र आयोजित किए जाएंगे। सभी आयु वर्ग के लिए वॉकिंग, जॉगिंग और योग सत्र होंगे। साथ ही, स्थानीय सामाजिक संस्थाओं के सहयोग से विभागीय स्तर पर कार्यक्रम चलाए जाएंगे। योग, ध्यान और प्राणायाम सत्रों के माध्यम से मानसिक स्वास्थ्य के प्रति भी जागरूकता बढ़ाई जाएगी।

इसके अलावा, स्कूली और महाविद्यालयीन विद्यार्थियों के लिए विशेष शारीरिक व्यायाम सत्र और प्रतियोगिताओं का आयोजन कर कम उम्र से ही फिटनेस के महत्व को समझाने का प्रयास किया जाएगा।
महानगरपालिका ने एक बार फिर मुंबईकरों से अपील की है कि वे ‘फिट सैटरडे’ अभियान से जुड़कर इसे एक जनआंदोलन का रूप दें और स्वस्थ मुंबई के निर्माण में अपना योगदान