डोंबिवली में गुड़ी पड़वा और मराठी नववर्ष का उत्सव इस बार खास अंदाज में मनाया गया। पारंपरिक उल्लास और सांस्कृतिक रंगों के बीच निकली भव्य शोभायात्रा में विकास की झलक दिखाता एक विशेष चित्ररथ लोगों के आकर्षण का केंद्र बन गया। श्री गणेश मंदिर संस्थान और नववर्ष स्वागत यात्रा संयोजन समिति की ओर से आयोजित इस शोभायात्रा में हर साल की तरह इस बार भी कई सामाजिक संदेश देने वाले चित्ररथ शामिल हुए, लेकिन कल्याण लोकसभा क्षेत्र के विकास कार्यों को दर्शाने वाला चित्ररथ सबसे ज्यादा चर्चा में रहा।
इस चित्ररथ की संकल्पना कल्याण लोकसभा क्षेत्र के सांसद डॉ. श्रीकांत एकनाथ शिंदे की पहल पर तैयार की गई थी। इसमें क्षेत्र में चल रहे और प्रस्तावित विकास परियोजनाओं की हूबहू प्रतिकृतियां बेहद आकर्षक तरीके से प्रस्तुत की गईं। खास तौर पर डबल डेकर परिवहन व्यवस्था का मॉडल लोगों के लिए कौतूहल का विषय बना रहा, जिसमें नीचे सड़क और फ्लायओवर तथा ऊपर मेट्रो रेल का संचालन दर्शाया गया था। यह मॉडल भविष्य की आधुनिक यातायात व्यवस्था की झलक पेश करता नजर आया।

चित्ररथ में खिडकाळी स्थित प्राचीन शिव मंदिर के सुशोभीकरण परियोजना की प्रतिकृति भी प्रदर्शित की गई, जो धार्मिक और पर्यटन दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है। इसके साथ ही उल्हासनगर में शुरू किए गए सुपर स्पेशलिटी कैशलेस अस्पताल का मॉडल भी शामिल था, जहां पिछले दो वर्षों में हजारों जरूरतमंद मरीजों का मुफ्त इलाज किया गया है।
युवाओं को बेहतर खेल सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से बन रहे ह.भ.प. संत सावळाराम महाराज म्हात्रे क्रीड़ा संकुल की झलक भी इस चित्ररथ में देखने को मिली। इसके अलावा बेतवडे में निर्माणाधीन आगरी-कोळी वारकरी भवन की प्रतिकृति ने सामाजिक और सांस्कृतिक एकता का संदेश दिया।
गुड़ी पड़वा के इस शुभ अवसर पर परंपरा और विकास का यह संगम डोंबिवलीवासियों के लिए खास अनुभव साबित हुआ। बड़ी संख्या में नागरिक इस चित्ररथ को देखने के लिए उमड़े और उन्होंने क्षेत्र में हो रहे विकास कार्यों पर संतोष और उत्साह व्यक्त किया। सांसद डॉ. श्रीकांत शिंदे ने इस मौके पर कहा कि यह चित्ररथ केवल एक प्रस्तुति नहीं, बल्कि क्षेत्र के सर्वांगीण विकास की दिशा में किए जा रहे प्रयासों की झलक है।