महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को आधुनिक महाराष्ट्र का ‘विश्वकर्मा’ बताते हुए बीजेपी के प्रदेश प्रवक्ता राम कुलकर्णी ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि यह कोई अतिशयोक्ति नहीं, बल्कि विकास कार्यों का सच्चा प्रतिबिंब है, हालांकि इस उपाधि से कई लोगों को असहजता हो सकती है।
राम कुलकर्णी के मुताबिक, देश के सबसे कठिन और चुनौतीपूर्ण प्रोजेक्ट्स में से एक मुंबई-पुणे ‘मिसिंग लिंक’ आज अभियांत्रिकी का नया चमत्कार बनकर सामने आया है। करीब 13 किलोमीटर लंबा यह अत्याधुनिक मार्ग खंडाला घाट जैसे दुर्गम क्षेत्र से होकर गुजरता है, जहां निर्माण कार्य बेहद जटिल माना जाता है।

इस परियोजना की खास बात यह है कि टाइगर वैली क्षेत्र में 650 मीटर लंबा केबल-स्टे ब्रिज तैयार किया गया है, साथ ही यहां डबल टनल यानी जुड़वां सुरंगों का निर्माण भी किया गया है, जो इसे तकनीकी रूप से और खास बनाता है।
इस नए मार्ग के शुरू होने से मुंबई से पुणे का सफर अब और आसान होगा। यात्रियों का समय बचेगा, दूरी लगभग 6 किलोमीटर तक कम होगी और सबसे बड़ी राहत ट्रैफिक जाम से भी निजात मिलने की उम्मीद है।राम कुलकर्णी ने बताया कि इस महत्वाकांक्षी परियोजना को 2015 में मंजूरी दी गई थी, 2019 में इसकी आधारशिला रखी गई और अब इसका लोकार्पण भी उन्हीं मुख्यमंत्री के हाथों हुआ है, जिन्होंने इस योजना की शुरुआत की थी।
इसी क्रम में उन्होंने कहा कि जिस तरह से मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने महाराष्ट्र में बुनियादी ढांचे के विकास को नई दिशा दी है, उसे देखते हुए उन्हें ‘आधुनिक महाराष्ट्र का विश्वकर्मा’ कहना पूरी तरह से उचित है।